सामाजिक परिवर्तन का अर्थ, परिभाषा तथा विशेषताएँ

सामाजिक परिवर्तन प्रकृति का नियम है, अथवा सामाजिक परिवर्तन भी प्राकृतिक या स्वाभाविक है। ऐसे किसी भी समाज की कल्पना नहीं की जा सकती जो की पूर्णतया अपरिवर्तनशील व स्थिर हो। यदि समाज की व्यवस्था में कोई परिवर्तन या हेर फेर हो जाता है तो उस बदलाव को सामाजिक परिवर्तन कहेंगे। परिवर्तन एक व्यापक प्रक्रिया है। …

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समाजवाद का अर्थ, परिभाषा, प्रकार, विशेषताएं, गुण/दोष

आधुनिक आर्थिक प्रणाली का एक अन्य प्रमुख प्रकार समाजवाद है। समाजवाद का जन्म पूँजीवाद एवं व्यक्तिगत संपत्ति की बुराइयों के विरोध में हुआ। स समाजवाद में व्यक्ति एवं वैयक्तिक स्वार्थ की अपेक्षा समाज और सामूहिक हित को अधिक महत्व दिया जाता है। समाजवाद का अर्थ समाजवाद अंग्रेजी भाषा के सोशलिज्म (socialism) शब्द का हिन्दी पर्यायवाची है। सोशलिज्म …

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समाज का अर्थ, परिभाषा, विशेषताएं एवं प्रमुख तत्व

समाज (Society) एक उद्देश्यपूर्ण समूह होता है, जो किसी एक क्षेत्र में बनता है, उसके सदस्य एकत्व एवं अपनत्व में बंधे होते हैं। मनुष्य चिन्तनशील प्राणी है। मनुष्य ने अपने लम्बे इतिहास में एक संगठन का निर्माण किया है। वह ज्यों-ज्यों मस्तिष्क जैसी अमूल्य शक्ति का प्रयोग करता गया, उसकी जीवन पद्धति बदलती गयी और जीवन पद्धतियों …

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जाति की उत्पत्ति के सिद्धांत

भारत में जाति की उत्पत्ति के विषय में अनेक सिद्धान्त प्रतिपादित किए गए हैं लेकिन कोई भी सिद्धान्त सही व्याख्या नहीं करता। रिज़ले ने जाति की उत्पत्ति प्रजातीय भिन्नताओं (racial differences) के कारण बताई, नेसफील्ड तथा इबेट्सन ने पेशे को इसका कारण बताया, अबे डुबॉयस ने ब्राह्मणों की भूमिका को इसका कारण बताया, और हट्टन ने …

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सम्प्रदाय का अर्थ और सम्प्रदाय का स्वरूप

सम्प्रदाय का अर्थ सम्प्रदाय शब्द का कोशगत अर्थ है- “ परम्परा से चला आया हुआ ज्ञान, मत सिद्धान्त, गुरु परम्परा से मिलने वाला उपदेश, मंत्र, किसी धर्म के अन्तर्गत कोई विशिष्ट मत या सिद्धान्त। उक्त प्रकार के मत व सिद्धान्त को मानने वालों का वर्ग या समूह यथा शैव, वैष्णव आदि किसी विचार, विषय या सिद्धांत …

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समाजमितीय तकनीक क्या है? समाजमिति तकनीक की प्रविधियाँ

समाजमिति तकनीक का प्रयोजन समूह में व्यक्ति विशेष के सामाजिक सम्बन्धों का अध्ययन करना है। इसके द्वारा विशेषकर से एकाकी और उपेक्षितों तथा अस्वीकृत व्यक्तियों की व्यक्तित्व सम्बन्धी समस्याओं का पता लगाने के लिए किया जाता है। व्यक्तियेां के सामाजिक व्यवहार का आकलन करने हेतु यह तकनीक सूचना प्राप्त करने का एक उपयोग माध्यम है। इस …

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संघर्ष का अर्थ, परिभाषा, प्रकार, विशेषताएं, स्वरूप

Conflict शब्द लेटिन भाषा के Con+Fligo से मिलकर बना है Con का अर्थ है together तथा Fligo का अर्थ है-To Strike. अत: संघर्ष का अर्थ है-लड़ना, प्रभुत्व के लिए संघर्ष करना, विरोध करना, किसी पर काबू पाना आदि। ऑक्सफोर्ड डिक्शनरी के अनुसार-दो वर्गों में या समूहों के बीच सशस्त्र प्रतिरोध, लड़ा या युद्ध संघर्ष है। विपरीत …

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दहेज का अर्थ, परिभाषा, दहेज प्रथा के दुष्परिणाम एवं कारण

वर्तमान में दहेज एक गम्भीर समस्या बनी हुई है। इसके कारण माता-पिता के लिए लड़कियों का विवाह एक अभिशाप बन गया है। सामान्यत: दहेज उस धन या सम्पत्ति को कहते हैं जो विवाह के समय कन्या पक्ष द्वारा वर पक्ष को दिया जाता है।   फेयरचाइल्ड के अनुसार, दहेज वह धन सम्पत्ति है जो विवाह के …

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अंतर्विवाह क्या है अंतर्विवाह के प्रमुख कारण?

अंतर्विवाह का तात्पर्य है एक व्यक्ति अपने जीवन-साथी का चुनाव अपने ही समूह में से करें। इसे परिभाषित करते हुए डॉ. रिवर्स लिखते हैं, अन्त:विवाह से अभिप्राय है उस विनिमय का जिसमें अपने समूह में से जीवन-साथी का चुनाव अनिवार्य होता है। वैदिक एवं उत्तर-वैदिक काल में द्विजों का (ब्राह्मण, क्षत्रीय एवं वैश्य) एक ही वर्ण …

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बहिर्विवाह क्या है बहिर्विवाह के लाभ एवं हानियाँ?

बहिर्विवाह से तात्पर्य है कि एक व्यक्ति जिस समूह का सदस्य है उससे बाहर विवाह करे। रिवर्स लिखते हैं, बहिर्विवाह से बोध होता है उस विनिमय का जिसमें एक सामाजिक समूह के सदस्य के लिए यह अनिवार्य होता है कि वह दूसरे सामाजिक समूह से अपना जीवन साथी ढूँढ़े।  हिन्दुओं में बहिर्विवाह के नियमों के अनुसार …

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