स्वाधीनता का अर्थ, परिभाषा एवं अवधारणा

स्वाधीनता का अर्थ स्वाधीन का अर्थ- ‘स्वतंत्र, किसी का नियंत्रण न मानने वाला, अपनी इच्छानुसार चलने वाला’ होता है। ‘स्व के अधीन होना ही स्वाधीनता है।’  स्वाधीनता शब्द के लिए हिन्दी में स्वतंत्रता, अपराधीनता, मुक्ति आदि अर्थ दिये हैं। अंग्रेजी में से इसके लिए दो शब्द के प्रयोग मिलते हैं, लिबर्टी तथा फ्रीडम (Freedom)। यद्यपि दोनों …

Read more

वर्तमान में भारत की प्रमुख समस्याएं क्या है?

किसी भी राष्ट्र में मनुष्य के जीवन की महत्त्वपूर्ण धूरी ‘अर्थ’ होती है। अर्थ के माध्यम से ही मनुष्य अपनी सम्पूर्ण आवश्यकताओं की पूर्ति करता है। मनुष्य के समस्त क्रिया-कलापों को अर्थ के माध्यम से ही पूरा किया जा सकता है। अर्थ ही राष्ट्र के विकास का निर्धारण करता है। यदि राष्ट्र में अर्थ की समस्या …

Read more

लोकतंत्र का अर्थ, परिभाषा, प्रकार

लोकतंत्र का अर्थ है- ऐसी सरकार जो जनमत पर आधारित होती है और इसके प्रति उत्तरदायी होती है। दूसरे शब्दों में, लोकतंत्र का अर्थ है- ऐसी व्यवस्था जिसमें लोगों की शक्ति सर्वाेच्च होती है। वह सरकार के निर्धारक होते है। बहुमत का शासन होता है। लोकतंत्र का अर्थ लोकतंत्र पद ग्रीक शब्द “डेमोस” और “क्रेटोस” से …

Read more

सरकार द्वारा महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में उठाए कदम

सशक्तिकरण वह शस्त्र है जो न सिर्फ महिलाओं के अधिकारों दिलाने के लिए आवाज देता हैं बल्कि समाज के प्रत्येक मानव को अपने अधिकारों के प्रति जागृत करता है। वही महिला सशक्तिकरण का सीधा सा अभिप्राय है कि महिलाओं को अधिक शक्ति सम्पन्न बनाना है। ताकि उनकी सुप्त चेतना, क्षमता व योग्यताओं का विकास संभव हो …

Read more

महिला सशक्तिकरण की क्या आवश्यकता है? महिला सशक्तिकरण के लिए बनाए गए कानून

महिला सशक्तिकरण को बेहद आसान शब्दों में परिभाषित किया जा सकता है कि इसमें महिलायें शक्तिशाली बनती है, जिससे वो अपने जीवन से जुड़े हर फैसले स्वयं ले सकती है तथा परिवार और समाज में अच्छे से रह सकती है समाज में उनके वास्तविक अधिकार को प्राप्त करने के लिए उन्हें सक्षम बनाना महिला सशक्तिकरण है …

Read more

महिला सशक्तिकरण क्या है? महिला सशक्तिकरण का उद्देश्य क्या है?

महिला सशक्तिकरण का विस्तृत तात्पर्य है – महिलाओं को पुरुष के बराबर वैधानिक, राजनीतिक, शारीरिक, मानसिक, सामाजिक एवं आर्थिक क्षेत्रों में उनके परिवार, समुदाय, समाज एवं राष्ट्र की सांस्कृतिक पृष्ठभूमि में निर्णय लेने की स्वत्व अधिकार से है। महिला-सशक्तिकरण का मतलब यह नहीं है कि उन्हैं दूसरों पर प्रभुत्व जमाने की शक्ति प्रदान करना तथा अपनी …

Read more

ग्राम सभा क्या है ग्राम सभा के कार्य

ग्राम सभा का तात्पर्य गाँव में रहने वाले उस प्रत्येक नागरिक समूह से है जिसमें शामिल व्यक्ति का नाम गाँव की मतदाता सूची में दर्ज होता है तथा वह ग्राम के सदस्य के रूप में स्वतंत्र रूप से अपना नेता चुन सकता है। जहाँ पर एक से अधिक ग्राम इसमें शामिल है वहाँ सबसे अधिक आबादी …

Read more

अनुसूची क्या है अनुसूची की परिभाषा एवं प्रकारों का वर्णन?

अनुसूची एक फार्म, तालिका, केटलाॅग अथवा कार्ड जिसका निर्माण एवं प्रयोग तथ्यों के संकलन के लिए किया जाता है। अनुसूची क्या है अनुसूची प्राथमिक तथ्य संकलन की एक ऐसी विधि है इसके द्वारा उन क्षेत्र के सूचनादाताओं से भी सूचना प्राप्त की जाती है जो कि पढ़े-लिखे नहीं हैं। यह एक प्रत्यक्ष विधि है जिसमें साक्षात्कारकर्ता …

Read more

जनमत किसे कहते हैं? जनमत निर्माण के लिए क्या आवश्यक है?

किसी भी राष्ट्र या राज्य की सरकार शासन जब भी कोई कार्यक्रम बनाती है उसका उद्देश्य जन-जन का कल्याण होता है। उस कार्यक्रम का प्रभाव जन पर क्या पड़ेगा, कैसा पडे़गा इसकी जानकारी भी लेना योजना बनाने वालों के लिए आवश्यक होता है जनता पर हुए प्रभावों और प्रतिक्रियाओं को जानना ही ‘जनमत’ एकत्रित करना कहलाता …

Read more

निष्पत्ति परीक्षण का अर्थ, परिभाषा, मापन, आवश्यकता एवं उपयोगिता

निष्पत्ति परीक्षण का प्रयोग सभी प्रकार की शैक्षिक संस्थाओं में किया जाता है। निष्पत्ति परीक्षणों के द्वारा यह मापन किया जाता है कि छात्रों ने कक्षा में पढ़ाये गये विषयों की पाठ्यवस्तु के सम्बन्ध में कितना सीखा है। इस प्रकार के परीक्षणों में सम्पूर्ण पाठ्यवस्तु पर प्रश्न पूछे जाते हैं। और सही उनरों के लिए अंक …

Read more