1857 की क्रांति के प्रमुख नेता कौन-कौन से थे?

इस काल में अंग्रेजों द्वारा भारतीय जनता का आर्थिक शोषण, तथा रजबाड़ों के परंपरागत अधिकारों पर चोट, ग्रामीण-पंचायती मेलमिलाप के स्वरूप पर प्रहार, भारतीय मुलाजिमों एवं सैनिकों को अंग्रेजों से कम वेतन दिया जाना, और जागीरदारों को कर न चुका पाने पर अपमानित कर जेल भेज देना आदि ऐसे कारण थे जिनसे जनता के मन में …

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संस्कृत महाकाव्य के नाम और परिचय

संस्कृत भाषा में विगत लगभग 2500 वर्षों से अनेक मौलिक काव्य रचनाएं अस्तित्व में आयीं जिनमें भारतीय प्रतिभा तथा काव्यरचना सामर्थ्य का वैशिष्ट्य परिलक्षित होता है। इन महाकाव्यों के माध्यम से इनके रचयिताओं ने भारतीय संस्कृति के महत्त्वपूर्ण तत्त्वों को पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास किया है।  महाकाव्यों की रचना करने में महाकवि पद्यात्मक शैली को …

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लीची की खेती की पूरी जानकारी

लीची का वैज्ञानिक नाम लीची चाईनेन्सिस (Litchi Chinensis) है तथा सपेन्डेसी(Sapindacenae) परिवार का सदस्य है। इसके फल मनमोहक सुगंधयुक्त स्वाद आकर्षक रंग एवं पौष्टिक गुणों के कारण ही इसे फलो की रानी कहा जाता है। लीची उत्पादन में भारत का विश्व में चीन के बाद दूसरा स्थान है। लीची के फल, पोषक तत्वों से भरपूर एवं …

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फ्रांसीसी क्रांति के प्रमुख नेता कौन थे?

फ्रांस की क्रांति यूरोप के इतिहास की एक अत्यंत महत्वपूर्ण घटना है। फ्रांस में 1789 में एक महान क्रान्ति हुई जो वहां की निरंकुश शासन व्यवस्था तथा तत्कालीन दोषपूर्ण सामाजिक व्यवस्था, विशेषाधिकारों और नौकरशाही के विरूद्ध थी। इस क्रान्ति के परिणामस्वरूप कालान्तर में यूरोप की पुरातन व्यवस्था का अन्त हो गया तथा सामाजिक राजनीतिक एवं आर्थिक …

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नेपोलियन द्वारा महाद्वीपीय व्यवस्था को सफल बनाने के प्रयास, असफलता के कारण

आस्ट्रिया, प्रषा, तथा रूस को पराजित करने के बाद फ्रांस के शत्रुओं में इंग्लैण्ड ही शेष था। ट्राफल्गर की पराजय के बाद नेपोलियन यह समक्ष गया था कि युद्ध में अंगे्रजों को हराना मुश्किल की बात है। अतः यह समझता था कि इंग्लिश चैनल शैतानी है, जिसे पार करना नेपोलियन के बस की बात नहीं है। …

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तिलसिट की संधि कब हुई थी ? तिलसिट की संधि का महत्व

8 जुलाई 1807 को नेपोलियन ने रूस के साथ तिलसिट की संधि की। संधि में नेपोलियन तथा जार ने पश्चिमी तथा पूर्वी यूरोप को अपने-अपने कार्य क्षेत्रों के रूप में बांट लिया। तथा रूस से कोई हर्जाना नहीं लिया गया। रूस ने नेपोलियन द्वारा निर्मित नये राज्यों को स्वीकार कर लिया। एक गुप्त संधि के अनुसार …

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नेपोलियन के पतन के कारणों की विवेचना

नेपोलियन की गणना विश्व के महान विजेताओं में की जाती है। नेपोलियन अपने युग का यूरोप का समुद्रगुप्त था। नेपोलियन ने फ्रांस में अराजकता का दौर खत्म कर उसे व्यवस्था और स्थिरता प्रदान की। उसके समय फ्रांस ने वे सीमाएं प्राप्त की जिसे लुई चैदहवें जैसे सम्राटों ने भी प्राप्त नहीं की थी। फ्रांस में तो …

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स्ट्रॉबेरी की खेती कैसे और कब करें?

स्ट्राबेरी (Strawberry) स्वादिष्ट, लाल गुलाबी, पौष्टिक फल है। इसका वानस्पतिक नाम फ्रेगेरिया अनानासा (Fragria ananassa) है। स्ट्राॅबेरी के वर्तमान किस्मों का विकास दो जंगली प्रजातियों चिलियोनसिस (Fragaria Chilionensis) एवं फ्रेगेरिया वर्जियाना (Fragria vergiana) के संकरण से हुआ है। इसका पौधा छोटा, कोमल होता है जिसमे तना बहुत ही छोटा तथा पूर्ण का तना विकसित त्रिपत्री पत्तियाॅ …

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वियना संधि या वियना कांग्रेस क्या है ?

नेपोलियन की हार के बाद 30 मई 1814 को पेरिस की संधि से फ्रांस से वे सभी प्रदेश वापस ले लिये गये जो नेपोलियन और उससे पहले फ्रांस ने यूरोपीय देशों से जीते थे। इन प्रदेशों को दुबारा नए ढंग से विभाजित करने और यूरोप के अन्य देशों की पुनव्र्यवस्था करने के लिये ब्रिटेन, ऑस्ट्रिया, रूस, …

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पूर्वी समस्या किसे कहते है ?

18वीं शताब्दी के प्रारंभ में टर्की साम्राज्य की निर्बलता के कारण इस असाध्य समस्या का जन्म हुआ उसे पूर्वी समस्या कहते हैं।  पूर्वी समस्या क्या है अपने उत्कर्ष काल में तुर्की ने जिस साम्राज्य की स्थापना की थी, वह 3 महाद्वीपों – एशिया, यूरोप और अफ्रीका तक फैला हुआ था। एशिया में मैसोपोटामिया, ईरान और अरब …

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