नेपोलियन द्वारा महाद्वीपीय व्यवस्था को सफल बनाने के प्रयास, असफलता के कारण
आस्ट्रिया, प्रषा, तथा रूस को पराजित करने के बाद फ्रांस के शत्रुओं में इंग्लैण्ड ही शेष था। ट्राफल्गर की पराजय के बाद नेपोलियन यह समक्ष गया था कि युद्ध में अंगे्रजों को हराना मुश्किल की बात है। अतः यह समझता था कि इंग्लिश चैनल शैतानी है, जिसे पार करना नेपोलियन के बस की बात नहीं है। …