भूगोल का अर्थ, परिभाषा, प्रकृति, क्षेत्र एवं अध्ययन विधियां

भूगोल का अर्थ ‘भूगोल’ शब्द हिन्दी के दो शब्दों से बना है – भू गोल अर्थात् पृथ्वी गोल है। भूगोल शब्द का पहला प्रयोग इरेटोस्थेनस (276 ई.पू.-194 ई.पू.) द्वारा किया गया था जिसका अर्थ ‘पृथ्वी का वर्णन था’। इस शब्द की व्युत्पत्ति ग्रीक भाषा के दो शब्दों ‘जिओ’ (पृथ्वी) तथा ‘ग्राफोस’ (वर्णन) से हुआ है। समय के …

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जैवमंडल क्या है जैवमंडल के प्रमुख घटक

जैवमंडल से तात्पर्य पृथ्वी के उस भाग से है जहां सभी प्रकार का जीवन पाया जाता है। पृथ्वी के तीन परिमंडल स्थलमंडल, वायु मंडल और जैवमंडल -जहॉं आपस में मिलते हैं, वही जैवमंडल स्थित हैं। जैव मंडल की परत पतली लेकिन अत्याधिक जटिल हैं। किसी भी प्रकार का जीवन केवल इसी परत में संभव हैं अत: …

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भारत की 6 ऋतुओं के नाम और जानकारी

हमारी पृथ्वी एक गोल अण्डे के समान आकृति वाली रचना है जो अपने अक्ष पर घूर्णन गति करती रहती है। यह पृथ्वी अपने अक्ष पर घूर्णन करने के साथ साथ सौर मण्डल के आधार अर्थात सूर्य के चारों और बहुत तेज गति से परिक्रमा करती रहती है। पृथ्वी के अपने अक्ष पर घूर्णन के परिणाम स्वरूप …

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ज्वार भाटा किसे कहते हैं, ज्वार भाटा की उत्पत्ति कैसे होती हैं, इसके लाभ

ज्वार भाटा की उत्पत्ति महासागरों में ज्वार की उत्पत्ति मुख्य रूप से सूर्य और चन्द्रमा की आकर्षण शक्ति से होती है। सूर्य, पूथ्वी से 14,99,37,000 किमी दूर है, जबकि चन्द्रमा केवल 3,92,595 किमी दूर है, अत: चन्द्रमा की आकर्षण शक्ति सूर्य की आकर्षण शक्ति से 2 1 /2 गुना अधिक प्रभाव डालती है। फलत: पृथ्वी का …

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आर्द्रता किसे कहते हैं, आर्द्रता के प्रकार /aadrata kya hai

आर्द्रता किसे कहते हैं, वायुमण्डल में उपस्थित जलवाष्प को वायुमण्डल की आर्द्रता कहते हैं। आर्द्रता को ग्राम प्रति घनमीटर में मापा जाता है। जब किसी वायु में उसकी क्षमता के बराबर जलवाष्प आ जाए तो उसे संतृप्त वायु कहते हैं।  आर्द्रता के प्रकार आर्द्रता के प्रकार आर्द्रता तीन प्रकार की होती है :-  निरपेक्ष आर्द्रता  विशिष्ट …

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वायुमंडल की परतें एवं उनकी विशेषताएं

वायुमंडल में वायु की अनेक परतें हैं, जो घनत्व और तापमान की दृष्टि से एक-दूसरे से बिल्कुल भिन्न हैं। सामान्यत: यह धरातल से लगभग 1600 कि.मी. की ऊँचा तक फैला है। वायुमंडल के कुल भार की मात्रा का 97 प्रतिशत भाग लगभग 30 कि.मीकी ऊँचा तक विस्तृत है। वायुमण्डल में ऊँचाई के अनुसार उसकी बनावट बदलती …

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ज्वालामुखी का अर्थ, परिभाषा, प्रकार, प्रभाव और बचाव

ज्वालामुखी का विस्फोट पृथ्वी के गर्भ में स्थित गर्म लावा, वाष्प एवं गैसें जब धरातल को तोड़कर बाहर आती हैं तो उसे ज्वालामुखी उद्गार कहते हैं। गर्म लावा धरातल की चट्टानों को भी तोड़कर आसमान में उछाल देता है, जिसे ज्वालामुखी बन कहा जाता है।  ज्वालामुखी भूपर्पटी में वह छिद्र या द्वार होता है जिनके द्वारा …

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भारतीय निर्वाचन प्रणाली के दोष \\ भारतीय निर्वाचन प्रणाली के गुण

निर्वाचन प्रक्रिया से तात्पर्य संविधान में वर्णित अवधि के पश्चात पदों एवं संस्थाओं के लिए होने वाले निर्वाचनों की प्रारंभ से अंत तक की प्रक्रिया से है। निर्वाचन प्रक्रिया की प्रकृति भारतीय संविधान के इस उपबंध द्वारा निर्धारित हुई है कि लोकसभा और प्रत्येक राज्य की विधानसभा के लिए निर्वाचन 1951, राज्य पुनर्गठन अधिनियम सन 1956 …

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जैव विकास के सिद्धांत \\ जैव विकास के प्रमाण

जैव विकास- भूवैज्ञानिक काल के दौरान सरल प्रकार के पूर्वजों से ‘‘परिवर्तन’’ के फलस्वरूप जटिल जीवों का बनना विकास कहलाता है। जैव विकास के सिद्धांत आज के विभिन्न जीव उसी रूप में नहीं बने जिस रूप में आज पाए जाते हैं, बल्कि वे एक सामान्य पूर्वज रूप से, जो कहीं अधिक सरल प्रकार का रहा होगा, …

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विश्व व्यवस्था से क्या अभिप्राय है

क्रम’ या व्यवस्था से सभी वस्तुओं के उचित स्थान पर होने का संकेत मिलता है। यह नियमों को लागू करने और उनका सम्मान करने को भी दर्शाता है। यदि व्यवस्था सुदृढ़ हो तो दैनिक क्रियाकलाप शांतिपूर्ण और सामान्य होंगे। पर विश्व व्यवस्था में एक देश का अपने मामलों को दूसरे देशों के साथ संचालन करने का …

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