अनुसूचित जाति का इतिहास
भारतीय सामाजिक व्यवस्था में निचली ईकाई के रूप में मान्यता प्राप्त अस्पृश्य समझी जाने वाली अनुसूचित जातियों एवं अनुसूचित जनजातियों के साथ सदियों से घोर अन्याय शोषण अपमान तथा गैर सामाजिक बराबरी का बर्ताव किया जा रहा है जिसका दुष्परिणाम यह हुआ कि यह वर्ग राष्ट्रीय धारा से लगभग कट-सा गया था। मानसिक गुलामी से त्रस्त …