निर्देशन का अर्थ, परिभाषा, विशेषता प्रकृति, क्षेत्र

निर्देशन क्या है? इस सम्बन्ध में समस्त विद्वान एकमत नहीं है। वर्तमान युग के विवादग्रस्त प्रत्ययों में, यह एक ऐसा प्रत्यय है, जिसे विभिन्न रूपों में परिभाषित क्रिया गया है, फिर भी, सामान्यत: निर्देशन को एक ऐसी प्रक्रिया के रूप में स्वीकार क्रिया जाता है, जिसके आधार पर किसी एक अथवा अनेक व्यक्तियों को किसी न …

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पर्यावरण संरक्षण क्या है पर्यावरण संरक्षण के उपाय?

मानव जन्म लेते ही पर्यावरण के सम्पर्क में आ जाता है। पृथ्वी पर विद्यमान जल, थल, वायु, वनस्पति, पशु-पक्षी आदि ऐसे प्राकृतिक तत्त्व हैं जो प्राणिजगत् के जीवन को सञ्चालित करने के लिए एक ऐसी पर्यावरणीय दशा का निर्माण करते हैं जिससे न केवल समस्त प्राणिजगत् के क्रिया-कलाप सञ्चालित होते हैं अपितु उन्हें एक दूसरे पर …

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पुरुषोत्तम दास टंडन का जीवन परिचय, पुरुषोत्तम दास टंडन के शैक्षिक विचार

राजर्षि पुरूषोत्तम दास टंडन का जन्म इलाहाबाद में 1 अगस्त, 1882 को हुआ। उनके पूर्वज मूलत: पंजाब के निवासी थे। उनके पिता श्री शालिग्राम टंडन इलाहाबाद के एकाउण्टेण्ट जनरल आफिस में क्लर्क थे और राधास्वामी सम्प्रदाय के मतावलम्बी थे। पिता संत प्रकृति के थे अत: उनके व्यक्तित्व का प्रभाव बालक पुरूषोत्तम पर प्रारम्भ से ही पड़ा। …

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पंडित मदन मोहन मालवीय के शैक्षिक विचार

पंडित मदन मोहन मालवीय 25 दिसम्बर, 1861 को तीर्थराज प्रयाग में जन्म हुआ। पंडित मदन मोहन मालवीय  के पिता प्रेमधर जी संस्कृत के बड़े विद्वान थे। धर्म के प्रति उनकी बड़ी गहरी निष्ठा थी। पितामह की तरह पितामही भी धर्मनिष्ठ और शील सम्पन्न थी। मदन मोहन मालवीय के पिता पं0 ब्रजनाथ पं0 प्रेमधर की ही तरह धर्मनिष्ठ,जव …

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हठयोग साधना का ऐतिहासिक विकास एवं परम्परा

सामान्यतया हठयोग का अर्थ सामान्य जन जबरदस्ती किए जाने वाले शरीर की शक्ति के विपरीत बल लगाकर किए जाने वाले योग के अर्थ में लेते है, परंतु यह उचित नहीं है। ‘हठ’ शब्द का अर्थ शास्त्रों में प्रतीकात्मक रूप से लिया गया है। शरीर, मन व प्राण को वश में करना हठयोग का लक्ष्य है, क्योंकि …

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राजभाषा अधिनियम 1963 की धारा 3(3) – Official Language Act 1963

संविधान के अनुच्छेद 343(3) के अनुसार संसद को यह शक्ति प्रदान की गई थी कि वह अधिनियम पारित करके 26 जनवरी, 1965 के बाद भी विनिर्दिष्ट सरकारी कार्य में अंग्रेजी का प्रयोग जारी रख सकती है। इस शक्ति का उपयोग करके राजभाषा अधिनियम 1963 पारित किया गया, जिसे बाद में 1967 में संशोधित किया गया। राजभाषा …

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चिकित्सा का अर्थ, लक्ष्य एवं प्रकार

किसी रोग का उपचार चिकित्सा कहलाता है। अस्वस्थ्य शरीर को स्वस्थ्य बनाना चिकित्सा कहलाता है। रोग से अरोग्यता की ओर बढ़ना, शरीर को निरोगी बनाना, चिकित्सा शब्द के ही प्र्याय है। जब “स्व” अपनी जगह पर स्थित न हो अर्थात् व्यक्ति बीमार हो तो उस रूकावट को दूर करना चिकित्सा है। चिकित्सा का लक्ष्य  चिकित्सा का …

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बहिर्विवाह क्या है बहिर्विवाह के लाभ एवं हानियाँ?

बहिर्विवाह से तात्पर्य है कि एक व्यक्ति जिस समूह का सदस्य है उससे बाहर विवाह करे। रिवर्स लिखते हैं, बहिर्विवाह से बोध होता है उस विनिमय का जिसमें एक सामाजिक समूह के सदस्य के लिए यह अनिवार्य होता है कि वह दूसरे सामाजिक समूह से अपना जीवन साथी ढूँढ़े।  हिन्दुओं में बहिर्विवाह के नियमों के अनुसार …

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अंतर्विवाह क्या है अंतर्विवाह के प्रमुख कारण?

अंतर्विवाह का तात्पर्य है एक व्यक्ति अपने जीवन-साथी का चुनाव अपने ही समूह में से करें। इसे परिभाषित करते हुए डॉ. रिवर्स लिखते हैं, अन्त:विवाह से अभिप्राय है उस विनिमय का जिसमें अपने समूह में से जीवन-साथी का चुनाव अनिवार्य होता है। वैदिक एवं उत्तर-वैदिक काल में द्विजों का (ब्राह्मण, क्षत्रीय एवं वैश्य) एक ही वर्ण …

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दहेज का अर्थ, परिभाषा, दहेज प्रथा के दुष्परिणाम एवं कारण

वर्तमान में दहेज एक गम्भीर समस्या बनी हुई है। इसके कारण माता-पिता के लिए लड़कियों का विवाह एक अभिशाप बन गया है। सामान्यत: दहेज उस धन या सम्पत्ति को कहते हैं जो विवाह के समय कन्या पक्ष द्वारा वर पक्ष को दिया जाता है।   फेयरचाइल्ड के अनुसार, दहेज वह धन सम्पत्ति है जो विवाह के …

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