सुमेरियन सभ्यता का सामाजिक और आर्थिक जीवन

मैसोपोटामिया की सभ्यता एवं नगर राज्यों का विकास दजला एवम् फरात नदियों के मध्य क्षेत्र में विकसित हुआ। इस क्षेत्र में यह विकास नवपाषाण काल में प्रारंभ हुआ और मेसोपोटामिया के उतरी क्षेत्र में उतरी सीरिया के निचले घास के मैदान तथा दूसरा क्षेत्र दक्षिणी मैसोपोटामिया था, जो ऊपरी हिस्सा कहलाता था। यहां निचले क्षेत्र में …

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बौद्ध धर्म के सिद्धांत || बौद्ध धर्म का पतन

भगवान बुद्ध को बौद्ध धर्म का संस्थापक माना जाता है। गौतम बुद्ध का जन्म 563 ई.पू. नेपाल की पहाड़ियों में स्थित लुम्बिनी नामक स्थान पर हुआ । इनके पिता का नाम शुद्धोदन था तथा माता का नाम माया देवी था। इनके पिता शुद्धोदन शाक्यवंशी क्षत्रियों के राजा थे। उनका राज्य-क्षेत्र नेपाल का दक्षिण भाग था जिसकी राजधानी …

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भाषा संरचना से क्या तात्पर्य है

भाषा यादृच्छिक ध्वनि-प्रतीकों की संरचनात्मक व्यवस्था है। अर्थात् इस व्यवस्था की अपनी विशेष प्रकार की संरचना होती है साथ ही इस संरचना में केवल एक स्तर नहीं होता, इसमें कई स्तर होते हैं। प्रत्येक स्तर की अपनी अलग संरचना होती है। भाषा की संरचना  भाषा संरचना का मूलाधार संरचनात्मक पद्धति है जिस प्रकार भवन रचना में …

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भाषा विज्ञान किसे कहते हैं भाषा विज्ञान के अध्ययन से हमें अनेक लाभ होते हैं, जैसे-

भाषा का वैज्ञानिक अध्ययन जिस शास्त्र में किया जाता है, उसे भाषा का विज्ञान कहते हैं। अध्ययन के अनेक विषयों में से आजकल भाषा-विज्ञान को विशेष महत्व दिया जा रहा है। अपने वर्तमान स्वरूप में भाषा विज्ञान पश्चिमी विद्वानों के मस्तिष्क की देन कहा जाता है। अति प्राचीन काल से ही भाषा-सम्बन्धी अध्ययन की प्रवृत्ति संस्कृत-साहित्य …

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ध्वनि विज्ञान, स्वनिम विज्ञान और स्वनिम की विशेषताएँ

भाषा की लघुत्तम इकाई स्वन है। इसे ध्वनि नाम भी दिया जाता है। ध्वनि के अभाव में भाषा की कल्पना भी नहीं की जा सकती है। भाषा विज्ञान में स्वन के अध्ययन संदर्भ को ‘स्वनविज्ञान’ की संज्ञा दी जाती है। ध्वनि शब्द ध्वन् धातु में इण् (इ) प्रत्यय के योग से बना है। भाषा विज्ञान के …

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रूपिम क्या है संरचना की दृष्टि से रूपिम के कितने भेद होते हैं

रूपिम को रूपग्राम और पदग्राम भी कहते हैं। जिस प्रकार स्वन-प्रक्रिया की आधारभूत इकाई स्वनिम है, उसी प्रकार रूप प्रक्रिया की आधारभूत इकाई रूपिम है।  रूपिम का लक्षण – भाषा या वाक्य की सार्थक लघुतम इकाई को रूपिम (रूपग्राम) कहते हैं। रूपिम और स्वनिम में मुख्य अन्तर यह है कि स्वनिम का सार्थक होना अनिवार्य नहीं …

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वाक्य के भेद : प्रकार और वाक्य की परिभाषा

मनुष्य जो भी सोचता या अभिव्यक्त करता है, वह सब वाक्य के ही माध्यम से होता है। भावाभिव्यक्ति सन्दर्भ में वाक्य भाषा की सहज तथा प्रथम इकाई है। वाक्य की परिभाषा समय-समय पर विभिन्न विद्वानों ने वाक्य की परिभाषा की है। कुछ प्रमुख भारतीय विद्वानों की परिभाषा हैं – 1. डॉ. भोलानाथ ने वाक्य की परिभाषा इस …

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भारतीय आर्यभाषा का विभाजन

भारत के बाहर भी चार देशों में भारतीय आर्य भाषाओं का व्यवहार होता है। पाकिस्तान में इस शाखा की तीन प्रमुख भाषाएँ-पंजाबी, सिंधी और लहंदा-बोली जाती है। बंगाल देश की भाषा बांगला है, जो इस शाखा की एक प्रमुख भाषा है। नेपाल में नेपाली भाषा है, जो भारतीय आर्य भाषा शाखा की भाषा है।  श्रीलंका में …

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भाषा विज्ञान किसे कहते हैं। भाषा विज्ञान की परिभाषा

भाषा के वैज्ञानिक अध्ययन को भाषा विज्ञान कहते हैं। भाषा विज्ञान की प्रक्रिया शुरू हुए दो शताब्दी हो चुकी है। भाषा विज्ञान के लिए समय-समय पर अनेक नाम दिए गए हैं। भाषा विज्ञान सर्वाधिक प्रचलित होने के साथ सहज रूप में भाषा के वैज्ञानिक अध्ययन का भाव प्रकट करता है। भाषा विज्ञान की परिभाषा विभिन्न विद्वानों …

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वाक्य किसे कहते हैं वाक्य कितने प्रकार के होते हैं, वाक्य के प्रकार

वाक्य भाषा का सबसे महत्त्वपूर्ण अंग है। मनुष्य अपने विचारों की अभिव्यक्ति वाक्यों के माध्यम से ही करता है। अत: वाक्य भाषा की लघुतम पूर्ण इकाई है। पतंजलि ने महाभाष्य में वाक्य के 5 लक्षण दिए हैं- एक क्रियापद वाक्य है। अव्यय, कारक और विशेषण से युक्त क्रिया-पद वाक्य है। क्रिया-विशेषण-युक्त क्रिया-पद वाक्य है। विशेषण-युक्त क्रिया-पद …

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