बरखान (वायु के समकोण पर निर्मित)

अर्द्ध चन्द्राकार बालुका स्तूप जिनके दोनों पार्श्व नुकीले सींग के समान आगे बढ़े होते हैं। 100 से 200 मीटर चौड़े और 10 मीटर ऊँचे होते हैं। इनका केन्द्रीकरण शेखावाटी में अधिक हुआ है।

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